उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में छात्र की आत्महत्या का एक झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक 17 वर्षीय दलित छात्र ने कथित तौर पर जाति पूछकर की गई पिटाई और बेइज्जती से आहत होकर अपनी जान दे दी। पुलिस ने मृतक के पास से एक सुसाइड नोट भी बरामद किया है।
अपमान और मानसिक प्रताड़ना का आरोपयह घटना शिकोहाबाद थाना क्षेत्र के नंगला विलोटिया गांव की है। मृतक छात्र अतीक कुमार के परिजनों का आरोप है कि वह एक युवती का पता पूछने के लिए किसी के घर गया था। उसी शाम दो युवक उसे अपने साथ ले गए और राजकीय विद्यालय के पास ले जाकर उसकी जाति पूछी। जब छात्र ने बताया कि वह 'जाटव' समाज से है, तो आरोपियों ने उसे बेरहमी से पीटा।
सुसाइड नोट में बयां किया दर्द
परिजनों का दावा है कि पिटाई इतनी गंभीर थी कि छात्र के हाथ की हड्डी टूट गई थी। आरोपियों ने उसका मोबाइल और ईयर बड्स भी तोड़ दिए और उस पर लड़की छेड़ने का झूठा आरोप लगाकर अपमानित किया। मृतक ने अपने सुसाइड नोट में साफ तौर पर लिखा है कि उसे बेइज्जत किया गया और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया। इसी तनाव और अपमान के कारण उसने 17 मई की सुबह फांसी लगाकर आत्मघाती कदम उठा लिया।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। शिकोहाबाद के सीओ अमरेश कुमार के मुताबिक, मृतक के पिता की तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब सुसाइड नोट की फॉरेंसिक जांच, मेडिकल साक्ष्य और कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ रही है।
इस घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश है। पुलिस दोषियों की पहचान कर कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दे रही है।