मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के कोहेफिजा इलाके में एक चौंकाने वाला भोपाल सुसाइड केस सामने आया है। तीन महीने पहले एमबीबीएस छात्रा रोशनी की खुदकुशी के बाद अब उसके मकान मालिक विजय राठौर ने भी अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली है। मृतक की पत्नी ने पुलिस प्रताड़ना और छात्रा के परिजनों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
भोपाल के कोहेफिजा क्षेत्र में शनिवार देर रात विजय राठौर ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। विजय राठौर उसी मकान के मालिक थे, जहां फरवरी महीने में गांधी मेडिकल कॉलेज की एमबीबीएस छात्रा रोशनी ने जान दी थी। रोशनी उस घर में करीब चार महीने से किराए पर रह रही थी।
पत्नी ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
विजय राठौर की मौत के बाद उनकी पत्नी वरुण राठौर ने मीडिया के सामने आकर पुलिस प्रशासन पर कड़े सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि रोशनी की मौत के बाद से ही पुलिस उनके पति को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रही थी।
पत्नी के अनुसार:पुलिस विजय राठौर को झूठे केस में फंसाने की धमकी देती थी।बयान दर्ज करने के नाम पर उन्हें घंटों थाने में बिठाकर रखा जाता था।छात्रा के परिजन भी लगातार उन पर गलत आरोप लगा रहे थे, जिससे वे भारी मानसिक दबाव में थे।
छात्रा की मौत का पिछला मामला
फरवरी में जब छात्रा रोशनी ने खुदकुशी की थी, तब उसके परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए प्रदर्शन किया था। हालांकि, जांच के दौरान रोशनी के मोबाइल से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ था, जिसमें उसने एमबीबीएस की कठिन पढ़ाई और शैक्षणिक दबाव का जिक्र किया था। इसके बावजूद, मकान मालिक की पत्नी का दावा है कि उनके पति को बिना वजह निशाना बनाया गया।
पुलिस की कार्रवाई
कोहेफिजा थाना प्रभारी केजी शुक्ला के अनुसार, पुलिस ने इस मामले में मर्ग कायम कर लिया है। मृतक विजय राठौर की बेटी के आने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या वाकई विजय राठौर किसी बाहरी दबाव या प्रताड़ना का शिकार थे।
