भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने राज्यसभा चुनाव 2026 के लिए अपने उम्मीदवारों की आधिकारिक सूची जारी कर दी है। इस लिस्ट में पार्टी ने तरुण चुघ और सतीश पूनिया जैसे दिग्गज नेताओं पर भरोसा जताया है। आगामी चुनावों को देखते हुए बीजेपी ने क्षेत्रीय और सांगठनिक समीकरणों को बेहतर ढंग से साधने की कोशिश की है।
दिग्गज नेताओं को मिली बड़ी जिम्मेदारी
भाजपा केंद्रीय चुनाव समिति की ओर से जारी इस सूची में राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ को मध्य प्रदेश से उम्मीदवार बनाया गया है। चुघ वर्तमान में जम्मू-कश्मीर और तेलंगाना जैसे महत्वपूर्ण राज्यों के प्रभारी के रूप में काम कर रहे हैं। उनके साथ मध्य प्रदेश से वरिष्ठ नेता रजनीश अग्रवाल को भी प्रत्याशी बनाया गया है।
राजस्थान में पार्टी ने पूर्व प्रदेश अध्यक्ष
डॉ. सतीश पूनिया को मैदान में उतारा है। हरियाणा बीजेपी के प्रभारी पूनिया की जमीनी पकड़ को देखते हुए यह एक बड़ा फैसला माना जा रहा है। राजस्थान से उनके साथ डॉ. अलका गुर्जर को भी राज्यसभा का टिकट दिया गया है।
गुजरात और उत्तर-पूर्व के समीकरणों पर फोकस
बीजेपी ने अपने मजबूत गढ़ गुजरात से चार उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की है। इनमें राजूभाई शुक्ला, मुकेशभाई राठवा, मानसिंह परमार और जीतेन्द्र मेघजीभाई कंजारिया शामिल हैं। इन नामों के जरिए पार्टी ने सौराष्ट्र और दक्षिण गुजरात के आदिवासी व ओबीसी (OBC) समुदायों को साधने का प्रयास किया है।
उत्तर-पूर्व के राज्यों की बात करें तो अरुणाचल प्रदेश से ताई तगाक और मणिपुर से प्रदेश अध्यक्ष ए. शारदा देवी को राज्यसभा भेजने का निर्णय लिया गया है। मणिपुर की मौजूदा परिस्थितियों के बीच एक महिला नेता को उम्मीदवार बनाकर पार्टी ने एक विशेष संदेश देने की कोशिश की है।
ओडिशा उपचुनाव के लिए भी नाम तय
द्विवार्षिक चुनावों के अलावा, भाजपा ने ओडिशा में होने वाले राज्यसभा उपचुनाव के लिए देबाशीष सामंतराय को अपना आधिकारिक प्रत्याशी घोषित किया है। देबाशीष ओडिशा की राजनीति का एक जाना-माना नाम हैं और उनके चयन से राज्य में भाजपा की सांगठनिक स्थिति को और अधिक मजबूती मिलने की उम्मीद है। जानकारों का मानना है कि इस सूची में जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं और अनुभवी रणनीतिकारों के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया गया है।